एक नज़र में
- विशाखापट्टनम की एचपीसीएल ऑयल रिफाइनरी में सल्फर पिच टैंक में हुआ धमाका।
- पुलिस कमिश्नर के अनुसार आग टैंक तक सीमित, रिहायशी इलाका खाली कराया गया।
- साल 2013 में भी इस रिफाइनरी के कूलिंग टावर में हो चुका है धमाका।
विशाखापट्टनम स्थित एचपीसीएल ऑयल रिफाइनरी में सोमवार रात एक जोरदार धमाका हुआ, जिसके बाद वहां से ऊंची लपटें उठने लगीं और घना धुआं फैल गया। रिपोर्ट्स के अनुसार, यह आग क्रूड प्रोसेसिंग यूनिट-3 के सल्फर पिच टैंक में लगी थी।
घटना की पुष्टि करते हुए पुलिस कमिश्नर शंखब्रत बागची ने जानकारी दी कि आग केवल टैंक तक ही सीमित रही और इससे रिफाइनरी के अन्य हिस्सों को किसी प्रकार का खतरा नहीं है। अलार्म बजने के तुरंत बाद सुरक्षा के मद्देनजर आसपास के रिहायशी इलाकों को खाली करा लिया गया।
स्थिति पर काबू पाने के लिए शुरुआत में पांच दमकल गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और जरूरत पड़ने पर और गाड़ियां बुलाई गईं। इस रिफाइनरी का इतिहास रहा है कि साल 2013 में भी यहां के कूलिंग टावर में धमाका हुआ था, जिसमें दो लोगों की जान चली गई थी और कई लोग घायल हुए थे।
खबर का संदर्भ
यह घटना विशाखापट्टनम की प्रमुख और पुरानी एचपीसीएल रिफाइनरी में सुरक्षा और औद्योगिक दुर्घटनाओं के इतिहास को रेखांकित करती है, जहां पहले भी बड़े हादसे हो चुके हैं।
EXPLAINED
आपके सवाल, सीधे जवाब
01. यह घटना कहां हुई?
यह घटना विशाखापट्टनम की एचपीसीएल ऑयल रिफाइनरी में हुई।
02. आग किस हिस्से में लगी थी?
आग क्रूड प्रोसेसिंग यूनिट-3 के सल्फर पिच टैंक में लगी थी।