एक नज़र में
- अमेरिका के इलिनॉय में हिंदू मंदिर पर गोलीबारी की साजिश का मामला सामने आया है।
- भारतीय राजदूत विनय मोहन क्वात्रा ने घटना की निंदा करते हुए इसे परेशान करने वाला बताया है।
- न्याय विभाग का नागरिक अधिकार प्रभाग इस मामले की जांच करेगा।
अमेरिका में भारत के राजदूत विनय मोहन क्वात्रा ने शिकागो के पास एक हिंदू मंदिर में हुई गोलीबारी की कोशिश को बेहद परेशान करने वाली घटना बताया है। उनका कहना है कि सभ्य समाज में नस्लवादी हिंसा और नफरत के लिए कोई जगह नहीं है।
यह टिप्पणी एक किशोर की गिरफ्तारी के एक दिन बाद सामने आई है। इस किशोर पर इलिनॉय राज्य के ऑरोरा स्थित एक हिंदू मंदिर में बड़े पैमाने पर गोलीबारी की साजिश रचने का आरोप लगाया गया है.
अमेरिका के असिस्टेंट अटॉर्नी जनरल हरमीत ढिल्लों ने इस मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि न्याय विभाग का नागरिक अधिकार प्रभाग इस घटना की जांच करेगा।
विभिन्न भारतीय प्रवासी संगठनों ने भी इस घटना की कड़ी निंदा की है और अधिकारियों से हिंदू पूजा स्थलों की सुरक्षा मजबूत करने की अपील की है।
खबर का संदर्भ
यह घटना अमेरिका में हिंदू मंदिरों और भारतीय प्रवासियों के खिलाफ बढ़ रहे खतरों और नफरत को दर्शाती है, जिस पर प्रवासी संगठनों ने चिंता जताई है और सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है।
EXPLAINED
आपके सवाल, सीधे जवाब
01. इस घटना पर भारतीय राजदूत ने क्या कहा है?
राजदूत विनय मोहन क्वात्रा ने इसे बेहद चिंताजनक बताया और कहा कि सभ्य समाज में नस्लवादी हिंसा के लिए कोई स्थान नहीं है।
02. इस मामले की जांच कौन करेगा?
अमेरिका के असिस्टेंट अटॉर्नी जनरल के अनुसार न्याय विभाग का नागरिक अधिकार प्रभाग इसकी समीक्षा और जांच करेगा।
