एक नज़र में
- एक नवंबर से कारोबारियों से मांगे जाएंगे सुझाव
- संशोधित जीएसटी रिटर्न फॉर्म एक अप्रैल, 2027 से होंगे लागू
- जीएसटीआर-1, जीएसटीआर-1ए और आईएफएफ फॉर्म में सुधारों को मिली मंजूरी
वित्त मंत्रालय मासिक जीएसटी रिटर्न फॉर्म में प्रस्तावित बदलावों पर एक नवंबर से कारोबारियों की राय मांगेगा। एक वरिष्ठ अधिकारी ने यह जानकारी दी है। केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड के जीएसटी नीति प्रभाग के आयुक्त गौरव सिंह के अनुसार, विभाग जीएसटी ऑडिट प्रक्रिया को सुव्यवस्थित करने के लिए भी काम करेगा।
जीएसटी परिषद की 57वीं बैठक में जीएसटी रिटर्न में देनदारियों और इनपुट टैक्स क्रेडिट में संशोधन के लिए एक वैकल्पिक व्यवस्था को मंजूरी दी गई थी। इसका उद्देश्य विसंगतियों को कम करना और नोटिस भेजने की जरूरत को घटाना है।
परिषद ने जीएसटीआर-1, जीएसटीआर-1ए और आईएफएफ फॉर्म में सुधारों को मंजूरी दी है, ताकि इनका मिलान जीएसटीआर-3बी से बेहतर हो सके। संशोधित फॉर्म एक नवंबर को मायगाव मंच पर सार्वजनिक परामर्श के लिए उपलब्ध होंगे और इन पर 30 नवंबर तक सुझाव दिए जा सकेंगे। यह एक अप्रैल, 2027 से लागू होगा।
खबर का संदर्भ
मासिक जीएसटी रिटर्न फॉर्म में बदलाव का उद्देश्य विसंगतियों को कम करना और करदाताओं की परेशानियों को घटाना है। सरकार इस प्रक्रिया के तहत करदाताओं के सुझाव लेकर इसे अधिक सुगम बनाने का प्रयास कर रही है।
EXPLAINED
आपके सवाल, सीधे जवाब
01. संशोधित जीएसटी रिटर्न फॉर्म पर सुझाव कब तक दिए जा सकेंगे?
संशोधित जीएसटी रिटर्न फॉर्म पर 30 नवंबर तक सुझाव दिए जा सकेंगे।
02. संशोधित जीएसटी रिटर्न फॉर्म कब से लागू होंगे?
संशोधित जीएसटी रिटर्न फॉर्म एक अप्रैल, 2027 से लागू होंगे।
