एक नज़र में
- कांजुरमार्ग स्टेशन के पास आग लगने से सिग्नलिंग सिस्टम फेल हुआ।
- लोकल ट्रेन सेवाएं दस घंटे तक ठप रहने के कारण यात्रियों को पटरियों पर चलना पड़ा।
- रेलवे ट्रैक पर विभिन्न स्थानों पर तीन लोगों के शव बरामद हुए।
मुंबई में सोमवार को रेलवे ट्रैक पर तीन लोगों के शव मिलने की घटना सामने आई है। कांजुरमार्ग स्टेशन के पास आग लगने की वजह से मुंबई का ट्रांसपोर्ट सिस्टम प्रभावित हुआ और कई लोकल ट्रेनें दस घंटे तक फंसी रहीं।
अधिकारियों के अनुसार, सुबह दस बजे के करीब कांजुरमार्ग स्टेशन के पास आग लगने से विखरोली-ठाणे लाइन पर सिग्नलिंग सिस्टम खराब हो गया था। इसके चलते मेन लाइन पर लोकल ट्रेन सेवाएं कई घंटों तक ठप रहीं और यात्रियों को मजबूरन पटरियों पर चलना पड़ा।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, घाटकोपर-विक्रोली सेक्शन पर दो लोगों के शव मिले जिन्हें राजावाड़ी हॉस्पिटल भेजा गया। इसके अलावा भांडुप में पटरियां पार कर रहे एक व्यक्ति की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई।
सिग्नलिंग हट में आग लगने से कांजुरमार्ग और भांडुप स्टेशनों के बीच छह लाइनों पर लगभग 24 सिग्नल प्रभावित हुए, जिससे सेंट्रल रेलवे की मेनलाइन पर सेवाएं बाधित हुईं। हालांकि, अधिकारियों के अनुसार शाम तक सेवाएं बहाल कर दी गईं।
खबर का संदर्भ
मुंबई की लोकल ट्रेनें शहर के परिवहन तंत्र का मुख्य हिस्सा हैं। कांजुरमार्ग में सिग्नलिंग हट की आग और तकनीकी खराबी के कारण यातायात लंबी अवधि तक प्रभावित हुआ, जिसके परिणामस्वरुप यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा और ट्रैक पर दुर्घटनाएं हुईं।
EXPLAINED
आपके सवाल, सीधे जवाब
01. मुंबई में लोकल ट्रेन सेवाएं क्यों ठप हुईं?
कांजुरमार्ग स्टेशन के पास रिले रूम या सिग्नलिंग हट में आग लगने और सिग्नल सिस्टम खराब होने के कारण सेवाएं ठप हुईं।
02. कितने घंटे तक ट्रेनें प्रभावित रहीं?
लोकल ट्रेनें लगभग 10 घंटे तक फंसी रहीं और सेवाएं बाधित हुर्इं।