📅 18 मार्च 2026 | SadhnaNEWS Desk
🔑 मुख्य बातें
- ओडिशा में कांग्रेस ने राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग करने वाले तीन विधायकों को पार्टी से निकाला।
- हरियाणा में कांग्रेस पांच विधायकों को नोटिस देने की तैयारी कर रही है, जिन पर क्रॉस वोटिंग का आरोप है।
- हरियाणा कांग्रेस के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष रामकिशन गुर्जर ने पार्टी छोड़ दी, जिससे पार्टी में और उथल-पुथल मची।
नई दिल्ली: कांग्रेस पार्टी में अंदरूनी कलह और क्रॉस वोटिंग के मामलों ने पार्टी नेतृत्व को सख्त कदम उठाने पर मजबूर कर दिया है। ओडिशा में राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग करने वाले तीन विधायकों को पार्टी से निष्कासित कर दिया गया है। वहीं, हरियाणा में पार्टी के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष ने इस्तीफा दे दिया है, जिससे पार्टी में और भी उथल-पुथल मची हुई है। इन घटनाओं ने कांग्रेस की राष्ट्रीय स्तर पर चल रही राजनीतिक रणनीति पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
ओडिशा में कांग्रेस ने रमेश जेना, दशरथी गोमांगो और सोफिया फिरदौस को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखाया है। इन तीनों विधायकों पर राज्यसभा चुनाव में भाजपा समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार दिलीप राय के पक्ष में मतदान करने का आरोप है। पार्टी ने इन विधायकों को विधानसभा से अयोग्य घोषित करने के लिए स्पीकर को पत्र भी लिखा है। क्रॉस वोटिंग के कारण कांग्रेस और बीजू जनता दल (BJD) के संयुक्त उम्मीदवार को हार का सामना करना पड़ा, जिससे गठबंधन की रणनीति पर भी प्रश्नचिह्न लग गया है। देश में सरकार बनाने के लिए राज्यसभा में बहुमत जरूरी है।
हरियाणा में भी कांग्रेस की स्थिति कुछ खास अच्छी नहीं है। पार्टी पांच विधायकों को क्रॉस वोटिंग के आरोप में नोटिस देने की तैयारी कर रही है। इस बीच, हरियाणा कांग्रेस के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष रामकिशन गुर्जर ने पार्टी छोड़ दी है, जिससे पार्टी संगठन में और कमजोरी आई है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, रामकिशन गुर्जर की पत्नी और नारायणगढ़ से विधायक शैली चौधरी भी पार्टी छोड़ सकती हैं, हालांकि वे पार्टी हाईकमान के रुख का इंतजार कर रही हैं।
16 मार्च को 11 राज्यसभा सीटों पर हुए चुनाव में 9 सीटें एनडीए के खाते में गईं। इससे पहले, 10 राज्यों की 37 सीटों में से 26 पर उम्मीदवार निर्विरोध चुने गए थे। हरियाणा में राज्यसभा की दो सीटों के लिए हुए चुनाव में भाजपा के संजय भाटिया और कांग्रेस के कर्मवीर बौद्ध ने जीत हासिल की है। भाजपा समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार सतीश नांदल को हार का सामना करना पड़ा।
चुनाव में 90 विधायकों के वोट थे, जिनमें से इंडियन नेशनल लोकदल (INLD) के 2 विधायकों ने वोट नहीं डाला। कांग्रेस के 4 और भाजपा का 1 वोट रद्द हो गया, जिसके चलते 83 वोट वैध माने गए। कांग्रेस पार्टी अब क्रॉस वोटिंग करने वाले 5 विधायकों को नोटिस देने की तैयारी में है। इन घटनाओं से कांग्रेस पार्टी की आंतरिक स्थिति और भविष्य की रणनीति पर कई सवाल उठ रहे हैं। देश की राजनीति में इन घटनाक्रमों का क्या असर होगा, यह देखना महत्वपूर्ण होगा।
कांग्रेस पार्टी के लिए यह समय आत्मचिंतन और सुधार का है। पार्टी को अपनी नीतियों और नेतृत्व पर पुनर्विचार करना होगा ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके। पार्टी को अपने कार्यकर्ताओं और नेताओं के बीच विश्वास बहाल करना होगा और एक मजबूत और एकजुट संगठन बनाने की दिशा में काम करना होगा। तभी कांग्रेस पार्टी राष्ट्रीय स्तर पर एक प्रभावी राजनीतिक शक्ति के रूप में अपनी भूमिका निभा पाएगी। प्रधानमंत्री का इस मामले पर क्या रुख रहता है, यह भी देखने वाली बात होगी।
🔍 खबर का विश्लेषण
यह घटनाक्रम कांग्रेस पार्टी के भीतर आंतरिक कलह और अनुशासन की कमी को दर्शाता है। राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग और पार्टी पदाधिकारियों के इस्तीफे से पार्टी की छवि पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा है। यह कांग्रेस के लिए एक गंभीर चुनौती है, जिसे उसे तत्काल संबोधित करने की आवश्यकता है। इससे विपक्ष और मजबूत होगा।
❓ अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
❓ ओडिशा में कांग्रेस ने किन विधायकों को पार्टी से निकाला?
ओडिशा में कांग्रेस ने रमेश जेना, दशरथी गोमांगो और सोफिया फिरदौस को पार्टी से निकाला है। इन पर राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग करने का आरोप है।
❓ हरियाणा में कांग्रेस के किस नेता ने पार्टी छोड़ी?
हरियाणा कांग्रेस के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष रामकिशन गुर्जर ने पार्टी छोड़ दी है, जिससे राज्य में पार्टी संगठन को झटका लगा है।
❓ राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग का क्या परिणाम हुआ?
क्रॉस वोटिंग के कारण कांग्रेस और बीजू जनता दल (BJD) के संयुक्त उम्मीदवार को ओडिशा में हार का सामना करना पड़ा।
❓ हरियाणा में राज्यसभा चुनाव में किसकी जीत हुई?
हरियाणा में राज्यसभा की दो सीटों के लिए हुए चुनाव में भाजपा के संजय भाटिया और कांग्रेस के कर्मवीर बौद्ध ने जीत हासिल की है।
❓ कांग्रेस पार्टी अब आगे क्या कदम उठाएगी?
कांग्रेस पार्टी क्रॉस वोटिंग करने वाले विधायकों को नोटिस देने और पार्टी संगठन में सुधार करने की दिशा में कदम उठाएगी। पार्टी को अपनी नीतियों और नेतृत्व पर पुनर्विचार करना होगा।
📰 और पढ़ें:
देश-दुनिया की हर बड़ी खबर के लिए SadhnaNEWS.com पर बने रहें।
Source: Agency Inputs
| Published: 18 मार्च 2026
