ग्रीनलैंड पर अमेरिका की चिंता, नाटो में समाधान का मेलोनी ने किया आह्वान Meloni Addresses Greenland Security Concerns
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ग्रीनलैंड पर अमेरिका की चिंता, नाटो में समाधान का मेलोनी ने किया आह्वान Meloni Addresses Greenland Security Concerns
साधनान्यूज़ की रिपोर्ट के अनुसार, इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने ग्रीनलैंड के भू-राजनीतिक महत्व पर अमेरिका के साथ उभरी सुरक्षा चिंताओं को संबोधित करते हुए एक स्पष्ट संदेश दिया है।
मेलोनी ने जोर देकर कहा है कि आर्कटिक क्षेत्र से जुड़े सुरक्षा मामलों का समाधान अटलांटिक गठबंधन नाटो के भीतर ही होना चाहिए, जो अंतरराष्ट्रीय सहयोग की भावना को दर्शाता है।
जापान दौरे पर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान, इटली की प्रमुख ने अमेरिका द्वारा उठाए गए सुरक्षा सवालों को गंभीर और जायज बताया।
हालांकि, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस महत्वपूर्ण मुद्दे पर कोई भी बातचीत और निर्णय नाटो के स्थापित ढांचे के तहत ही होने चाहिए।
मेलोनी ने रेखांकित किया कि ग्रीनलैंड की सुरक्षा नाटो के सभी सदस्य देशों की साझा जिम्मेदारी है, जो सामूहिक रक्षा के सिद्धांत को पुष्ट करता है।
उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि आर्कटिक क्षेत्र में सहयोगी देशों की उपस्थिति को मजबूत करने पर विचार किया जाना चाहिए, लेकिन इसे किसी भी तरह से आपसी मतभेद या गठबंधन में विभाजन के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
मेलोनी ने यह भी स्पष्ट किया कि ग्रीनलैंड को लेकर किसी भी जमीनी सैन्य हस्तक्षेप की संभावना बेहद कम है, जिससे क्षेत्र में स्थिरता बनाए रखने की इटली की कूटनीतिक मंशा उजागर होती है।
यह बयान विदेश नीति के संदर्भ में एक महत्वपूर्ण विकास है, जो ग्लोबल सुरक्षा परिदृश्य पर प्रकाश डालता है।
यह रुख ऐसे समय में सामने आया है जब विश्व के विभिन्न भू-राजनीतिक क्षेत्रों में तनाव बढ़ रहा है, और नाटो जैसे गठबंधन की एकता और दृढ़ता और भी आवश्यक हो जाती है।
मेलोनी का बयान यह सुनिश्चित करता है कि साझा सुरक्षा चुनौतियों का समाधान एक एकजुट ढांचे के भीतर हो, जिससे भविष्य में संभावित अंतरराष्ट्रीय टकरावों से बचा जा सके और गठबंधन की सामूहिक ताकत को बल मिले।
- मेलोनी ने ग्रीनलैंड सुरक्षा मामले को नाटो के भीतर सुलझाने का आह्वान किया।
- अमेरिका की सुरक्षा चिंताओं को जायज बताया, पर नाटो फ्रेमवर्क पर जोर।
- ग्रीनलैंड में सैन्य हस्तक्षेप की संभावना बेहद कम, कूटनीति पर बल।
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Posted on 19 January 2026 | Check साधनान्यूज़.com for more coverage.
